अध्याय 51

कमरे में सन्नाटा फैल गया, जब कैटनिस ने अपनी चीखती-सी रिंगटोन म्यूट की और स्क्रीन पर बार-बार चमकता वही नाम देखती रही।

उसने कॉल नहीं उठाई। बस खाली नज़रों से स्क्रीन को घूरती रही, और कुछ देर बाद कॉल अपने आप कट गया।

आस-पास के अँधेरे में उसकी थोड़ा तेज़ धड़कन अस्वाभाविक रूप से ज़्यादा तेज़ सुनाई दे रही...

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